Speech
Narendra Modi  ·  2026-07-18 00:00

PM Modi’s address at the community event in Melbourne, Australia | English Subtitles

[हौसला बढ़ाने की आवाज़] आई वुड लाइक टू बिगिन बाय एकनॉलेजिंग द ट्रेडिशनल ओनर्स ऑफ द लैंड ऑन वि मीट एंड आई पे माय रिस्पेक्ट टू देयर एल्डर्स पास्ट प्रेजेंट एंड एमर्जिंग [हौसला बढ़ाने की आवाज़] वकम मेलबर्न [हौसला बढ़ाने की आवाज़] नमस्कार माइट्स कैसे हैं आप [हौसला बढ़ाने की आवाज़] केम छो ये शो जो हाउसफुल है, [हौसला बढ़ाने की आवाज़] ब्लॉकबस्टर है। मैं अपना भाषण शुरू करूं इससे पहले विक्टोरिया के प्रीमियम और मेरे मित्र प्रधानमंत्री जी के सम्मान में आप सब अपने मोबाइल फोन की फ्लैश लाइट ब्लॉक बजा के इनको सम्मानित कीजिए। इनके सम्मान में [हौसला बढ़ाने की आवाज़] साथियों इससे पहले मैं दो बार सिडनी में आप सब से मिला था। मेलबर्न वालों से मिलने का मुझे भी इंतजार था। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] इसलिए सोचा इस बार मेलबर्न वालों के साथ फ्लैट वाइट कॉफी पीता हूं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] साथियों जिस एनर्जी से आप सभी ने हमारे ओसी फ्रेंड्स ने हम सभी को वेलकम किया है। वो और भी अमेजिंग है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] मेलबर्न ने एक तरह से मैदान मार लिया है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] साथियों मैं मेरे मित्र भारत के मित्र प्राइम मिनिस्टर एंथनी अल्बनीसी का भी बहुत आभारी हूं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] आप सिडनी में भी साथ थे। और आज यहां मेलबर्न में भी भारतीय कम्युनिटी के बीच आए हैं [हौसला बढ़ाने की आवाज़] और ये एक प्रकार से फुल सर्कल हो गया है अहमदाबाद जहां दुनिया का सबसे बड़ा क्रिकेट ग्राउंड है। और मेलबर्न जहां आइकनिक स्टेडियम है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] हम दोनों साथ रहे हैं। और साथियों हम सभी ने देखा है प्राइम मिनिस्टर अल्बमनी जी जब बोलते हैं तो भारतीयों के दिल और दिमाग में छा जाते हैं। सिडनी में भी आपने धूम मचाई थी और यहां भी आप छा गए। मैं विक्टोरिया की प्रीमियर का भी उनके ऊर्जा भरे शब्दों के लिए भारत के प्रति इतने स्नेह से उन्होंने जो कहा उसके लिए उनका भी हृदय से आभार व्यक्त करता हूं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] [प्रशंसा] साथियों मैं जब साल 2014 में ऑस्ट्रेलिया आया था तो 28 साल के बाद भारत का कोई पीएम यहां पहुंचा था और आप याद कीजिए तब तब मैंने कहा था कि अब आपको 28 साल इंतजार नहीं करना पड़ेगा। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] [प्रशंसा] पिछले 12 वर्षों में मैं तीसरी बार यहां आया हूं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] यानी इस बार हैट्रिक लगी है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] यह दिखाता है कि भारत और ऑस्ट्रेलिया के रिश्ते किस ऊंचाई पर है। और जानते हैं इसमें सबसे बड़ी भूमिका किसकी है? मोदी की नहीं इसमें आप सभी साथियों की भूमिका है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] इंडियन डायस्पोरा की भूमिका है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] साथियों कहते हैं कि मेलबर्न शहर एक दिन में ही चार सीजन के दर्शन करा देता है। लेकिन भारतीय समुदाय ने अपने कल्चरल कलर्स से इसको और वाइब्रेंट बना दिया है। यहां मेलबर्न में और आसपास काफी ऐसे स्थान है ऐसे मार्केट्स हैं जो भारतीयता के रंग से भरे हैं। कोई इन्हें लिटिल इंडिया कहता है। कोई मिनी इंडिया कहता है। नाम जो भी हो लेकिन रंग भारतीयता से भरे हुए हैं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] ऐसे ही एक मार्केट का वीडियो किसी ने मुझे दिखाया। वीडियो में बता रहे थे कि वहां खूब सेल चलती रहती है। इस सेल के चक्कर में लोग गन चक्कर बन जाते हैं। शॉपिंग का मूड ना भी हो तो भी खरीदारी करनी ही पड़ती है। मैं सही कह रहा हूं ना [हौसला बढ़ाने की आवाज़] सेल का आकर्षण होता है ना साथियों आप में से कई साथी फर्स्ट टाइम ऑस्ट्रेलिया आए और कईयों का जन्म जन्म भी यही हुआ पीढ़ियां बदल गई लेकिन भीतर की भारतीयता हमेशा हमेशा जिंदा रही। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] यहां कई सारे साथी ऐसे होंगे [हौसला बढ़ाने की आवाज़] जिनके घर में कम से कम दो टाइम जोन चलते हैं। यहां बच्चे स्कूल से घर ऑस्ट्रेलियन टाइम के हिसाब से आते हैं। लेकिन भारत में दादा-दादी नाना नानी वीडियो कॉल पर इंतजार कर रहे होते हैं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] [प्रशंसा] [हौसला बढ़ाने की आवाज़] यहां वीकेंड होता है तो भारत में किसी शादी की लाइव स्ट्रीमिंग चल रही होती है। यानी दूरी हजारों किलोमीटर की है। लेकिन डेली रूटीन आज भी भारत से जुड़ा हुआ है [हौसला बढ़ाने की आवाज़] और इस रूटीन के साथ आप सभी ऑस्ट्रेलिया के विकास में पूरी शक्ति से जुटे हुए हैं। [प्रशंसा] मुझे आप सब पर गर्व है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] साथियों हम भारतीय ऐसे ही हैं जैसे दूध में चीनी मिल जाती है। उसे और मीठा कर देती है। वैसे ही हम भारतीय दुनिया में अपने प्रेम का रंग घोलते रहते हैं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] घर में दूध ऑस्ट्रेलिया वाला आता है लेकिन चाय भारत वाली बनती है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] [हौसला बढ़ाने की आवाज़] अरे चाय वाला [हौसला बढ़ाने की आवाज़] [हौसला बढ़ाने की आवाज़] दाल सब्जियां ऑस्ट्रेलिया की है लेकिन उनमें तड़का [हौसला बढ़ाने की आवाज़] देसी मसालों का ही लगता है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] साथियों आपने सुना होगा भारत में आजकल भजन क्लबिंग का नया ट्रेंड चल रहा है। इसको हमारी जैन जी ड्राइव कर रही है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] और यहां ऑस्ट्रेलिया में भी मैंने सुना है। कि आपका वीकेंड आस्था और आध्यात्म से भरा रहता है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] कहीं किसी के घर भगवान सत्यनारायण की कथा कहीं गुरुद्वारे में अरदास कहीं बच्चों द्वारा भांगड़ा या भारत नाट्यम की प्रस्तुति कहीं कोई क्रिकेट टूर्नामेंट चल रहा होता है [हौसला बढ़ाने की आवाज़] और अब तो इंडियन फिल्म फेस्टिवल भी यहां आ गया है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] कुछ दिन बाद ही मेलबर्न में इंडियन फिल्म फेस्टिवल शुरू होने वाला है। मैं इसके सफल आयोजन की आपको अभी से शुभकामनाएं देता हूं। साथियों आप सभी ऑस्ट्रेलिया की ग्रोथ को अपने परिश्रम से सींच रहे हैं। लेकिन मैं जानता हूं कि आपकी एक नजर भारत पर लगातार रहती है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] भारत क्या कर रहा है? भारत की प्रगति, भारत की गति इसकी खोज खबर आप लेते रहते हैं। साथियों 21वीं सदी का भारत आज विकसित होने के लक्ष्य पर काम कर रहा है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़][प्रशंसा] एक सपना पूरा होता है तो नया सपना जन्म ले लेता है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] पहले कहते थे एक दीप से जले दूसरा जलते दीप हजार आज मैं कहता हूं एक सपने से जन्मे दूसरा सपना सपने जन्मे हजार एक लक्ष्य पूरा होता है तो उससे भी बड़ा संकल्प सामने आता है। यह वो भारत है जो कहता है ग्रो मोर अचीव मोर। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] हम 140 करोड़ एस्पिरेशन से भरे राष्ट्र हैं। हम अधीर हैं। बेसब्र है। हम दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती इकोनमी है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] लेकिन हम जल्द से जल्द दुनिया की टॉप थ्री इकॉनमी बनना चाहते हैं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] क्योंकि हमारी प्रेरणा है ग्रो मोर अचीव मोर। ग्रो मोर ग्रो [चीखने की आवाज़] मोर ग्रो मोर साथियों आपने भी देखा है भारत ने मून के साउथ पोल पर चंद्रयान लैंड कराया [हौसला बढ़ाने की आवाज़] [प्रशंसा] दुनिया दुनिया में कोई और देश ऐसा नहीं कर पाया। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] लेकिन भारत इतने भर से संतुष्ट नहीं रहा क्योंकि भारत कहता है ग्रो मोर ग्रो मोर। इसलिए साथियों भारत अब स्पेस में अपना गगनयान भेजने की तैयारी कर रहा है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] भारत अब अपना स्पेस स्टेशन बनाने के लक्ष्य पर चल रहा है। साथियों कुछ साल पहले तक 5G टेक्नोलॉजी को लेकर बड़े सवाल देश के सामने थे। कब ल्च होगी? कैसे रोल आउट होगा? कितना समय लग जाएगा? हमने 2022 के अंत में 5G रोल आउट करना शुरू किया। और आज भारत के 99% डिस्ट्रिक्ट इससे कवर्ड हो चुके हैं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] और आपको खुशी होगी दोस्तों भारत [चीखने की आवाज़] 5G का फास्टेस्ट रोल आउट करने वाले देशों में से एक देश है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] आज भारत दुनिया का दूसरा बड़ा 5G मार्केट बन चुका है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] और इतना ही नहीं भारत आज मेड इन इंडिया 6G टेक्नोलॉजी पर तेजी से काम कर रहा है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] वो इसलिए क्योंकि भारतीय कहते हैं ग्रोमर ग्रोमर साथियों पिछले 12 वर्षों में भारत के दो दर्जन से अधिक शहरों में मेट्रो नेटवर्क पहुंच चुका है। आज भारत में हर दिन सवा करोड़ से अधिक लोग मेट्रो में सफर करते हैं। भारत दुनिया का तीसरा बड़ा मेट्रो नेटवर्क वाला देश है। लेकिन हम हम भारतीय इससे भी संतुष्ट नहीं है। हम कहते हैं ग्रो मोर ग्रो मोर इसलिए हम भारत में नमो भारत रैपिड रेल और वंदे भारत जैसे सेमी हाई स्पीड नेटवर्क को तेजी से बढ़ा रहे हैं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़][प्रशंसा] एक और उदाहरण मेक इन इंडिया का है। बीते 12 वर्षों में मेक इन इंडिया ग्लोबल ब्रांड बन गया है। हमारे मोबाइल फोन, हमारे इलेक्ट्रॉनिक्स, दुनिया भर में पहुंचे। हमारे ऑटोमोबाइल, हमारे फार्मा प्रोडक्ट का ग्लोबली और विस्तार हुआ। भारत के डिफेंस प्लेटफार्म की कैपेबिलिटी और क्रेडिबिलिटी दुनिया देख रही है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] आपने आपने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान [हौसला बढ़ाने की आवाज़] ऑपरेशन सिंदूर के दौरान डेमो तो देख ही लिया होगा। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] धमाके आतंकियों के अड्डों पर हो रहे थे [हौसला बढ़ाने की आवाज़] और गुंज पूरी दुनिया में सुनाई दे रही थी। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] टेरर कैंप पर इस करारे प्रहार से आपको गर्व हुआ कि नहीं हुआ? [हौसला बढ़ाने की आवाज़] हुआ कि नहीं हुआ? साथियों जय [हौसला बढ़ाने की आवाज़] भारत माता की जय। भारत माता की जय। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] साथियों भारत इतने पर रुकना नहीं चाहता। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] भारत कह रहा है ग्रोमर ग्रोमर इसलिए आज जीप से लेकर शिप तक मैन्युफैक्चरिंग का भारत में एक नया इको सिस्टम डेवलप किया जा रहा है। साथियों भारत के बड़े सपनों बड़ी एस्पिरेशंस की नीव है। भारत का नागरिक बी द पीपल और इन सपनों को एनर्जी दे रहा है। पीपल फर्स्ट यानी नागरिक देवो भव का मंत्र ये आज के भारत की गवर्नेंस का मूल मंत्र बन गया है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] [प्रशंसा] मैं आपको अटेस्टेशन का उदाहरण देता हूं। अटेस्टेशन की मजबूरी कुछ साल पहले तक बहुत कॉमन हुआ करती है। यानी कुछ भी करना हो। कहीं भी अप्लाई करना हो अपने डॉक्यूमेंट किसी अधिकारी से अटैच कराने ही पड़ते थे। कतार में खड़े रहना पड़ता था सुबह-सुबह और क्या काम था यह बताने के लिए कि हां तुम वही हो। हमारे लिए तो नागरिक देवो भवा अब यह स्थिति नहीं है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] अब ज्यादातर काम सेल्फ अटेस्टेशन से ही चल जाता है। वहां से जो यात्रा शुरू हुई वो भारत में डीजी लॉकर तक पहुंच गई है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] एक ऐसी डिजिटल व्यवस्था जिसमें भारतीय अपने डॉक्यूमेंट्स डीजी फॉर्मेट में रख सकते हैं। इसमें एक क्लिक में डॉक्यूमेंट शेयर होता है, वेरीफाई होता है, एक्सेप्ट होता है। साथियों, व्यवस्था बनाना एक चीज है। उसे स्केल और सिक्योर फीचर के साथ बनाना बहुत बड़ी उपलब्धि होती है। आप जानते हैं कि आज भारत में डीजी लॉoकर में डीजी लॉoकर के कितने यूजर हैं। मैं जानता हूं आंकड़ा जरा याद रखना कठिन है। इस वक्त 70 करोड़ यानी 700 मिलियन से ज्यादा [हौसला बढ़ाने की आवाज़] डीजी लॉकर यूजर हैं। और इनमें 850 करोड़ से अधिक डॉक्यूमेंट स्टोर है। 80 करोड़ से अधिक [प्रशंसा] साथियों नागरिक देवो भव का एक उदाहरण हमारा हेल्थ केयर सिस्टम है। आज करोड़ों भारतीयों के पास एक सिक्योर डिजिटल हेल्थ आईडी है। इसमें हेल्थ रिकॉर्ड्स की पूरी हिस्ट्री डिजिटली स्टोर होती है। इससे भारत में डायग्नोसिस और बेहतर हो रहा है और इससे इलाज की व्यवस्था और सुधर रही है। यही नहीं टेली कंसल्टेशन का चलन भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। भारत का एक ई संजीवनी प्लेटफार्म है। इससे अभी तक 48 करोड़ 48 करोड़ यानी 480 मिलियन टेली कंसल्टेशन हो चुकी है। [प्रशंसा] इस प्लेटफार्म से सवा दो लाख से अधिक हेल्थ केयर प्रोवाइडर जुड़े हैं। साथियों एक जमाने में आप सभी ने पासपोर्ट से जुड़ी परेशानियां भी सही होगी। आप याद कीजिए कितने हफ्ते लगते थे पासपोर्ट बनने में? लेकिन आज पासपोर्ट औसतन कुछ ही दिनों में मिल जाता है। यही सिटीजन फदर गवर्नेंस है। यही नागरिक देवो भव के मंत्र की सफलता है। साथियों मैं अक्सर एक बात कहता हूं भारत का सामर्थ्य जितना बढ़ता है उसका फायदा पूरी मानवता को होता है। हमारे संस्कार है सर्वे भवंतु सुखिन यानी सब सुखी रहे। यही शाश्वत संस्कार आज भी भारत की पॉलिसीज और एक्शनंस को प्रेरित करते हैं। साथियों अभी पिछले महीने ही वेनेजुएला में भूकंप की इतनी बड़ी त्रासदी आई। इतना बड़ा विनाश हुआ। सैकड़ों लोगों की जान गई। हमने दूरी कितनी है देखा नहीं। हमने वेनेजुएला की उस पीड़ा को अपनी पीड़ा समझा। भारत ने रिलीफ और रेस्क्यू के लिए ऑपरेशन चलाया। हमने जितनी तेजी से संभव हो सकता था। [प्रशंसा] मदद भेजी। अपने एक्सपर्ट्स भेजे। हमारी मेडिकल टीम ने तेजी से काम शुरू किया। मुझे बहुत संतोष है इससे अनेक जिंदगी बच पाई। साथियों ऐसे ही तुर्की और सीरिया में जब भूकंप आया तब भी भारत ने बहुत तेजी से राहत और बचाव के लिए मदद भेजी। ऐसे अनेक उदाहरण है। पिछले साल हमने म्यांमार में ऑपरेशन ब्रह्मा चलाया। श्रीलंका में साइक्लोन की तबाही हुई तो ऑपरेशन सागर बंधु चलाया। साथियों कोरोना काल की यादें भी आज तक हमारे मन में ताजा है। हमने दुनिया भर से भारत के ही नहीं अन्य देशों के नागरिकों को भी अपने अपने घर पहुंचाया। रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। [प्रशंसा] जरूरतमंदों तक दवाई पहुंचाई। 100 से अधिक देशों को वैक्सीन भेजी। युद्ध क्षेत्रों में भी भारत ने संकट में फंसे व्यक्तियों को बाहर निकालने के लिए भरसक प्रयास किया। साथियों, भारत जब मदद करता है तो पासपोर्ट नहीं देखता। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] [प्रशंसा] भारत जब मदद भेजता है तो पासपोर्ट का रंग नहीं देखता। [हौसला बढ़ाने की आवाज़][प्रशंसा] इसलिए दुनिया भी भारत पर इतना विश्वास करती है। साथियों, मैं जानता हूं कि मानवता के हित में काम करने में ऑस्ट्रेलिया की भी बहुत बड़ी भूमिका है। यह हम दोनों देशों की पार्टनरशिप का एक अहम पिलर है और हम दोनों देशों की साझेदारी को एक और सेक्टर मजबूती देता है। यह सेक्टर है स्पोर्ट्स खेलकूद। स्पोर्ट्स की दुनिया में ऑस्ट्रेलिया अपने आप में एक ब्रांड है। [प्रशंसा] लेकिन भारत में भी स्पोर्ट्स इकोसिस्ट ट्रांसफॉर्म हो रहा है। साथियों आपने खेलो इंडिया मिशन का नाम सुना होगा। यह सिर्फ एक स्पोर्ट्स पॉलिसी नहीं है। यह अभियान स्कूल लेवल से ही हजारों खिलाड़ियों का एक पूल तैयार कर रहा है। भारत में स्कूल यूनिवर्सिटी, नेशनल लेवल, स्कूल लेवल, खेलो इंडिया गेम्स होते हैं। इनमें लाखों एथलीट्स पार्टिसिपेट करते हैं। इस मिशन के तहत भारत के रिमोट एरियाज में भी स्पोर्ट्स इंफ्रा तैयार किया जा रहा है। इससे ज्यादा से ज्यादा एथलीट्स को खासतौर पर हमारी बेटियों को ज्यादातर अवसर मिल रहे हैं। और यह सिर्फ शहरों तक सीमित नहीं है। सांसद, खेल, महाकुंभ जैसे आयोजनों से गांवगांव में स्पोर्ट्स को फिटनेस से जोड़ा जा रहा है। करियर ओपोरर्चुनिटी से कनेक्ट किया जा रहा है। और यह जो कुछ भी हो रहा है, इसका इंपैक्ट फील्ड में दिख रहा है। भारत के एथलीट्स, भारत की टीम बेटर से बेस्ट होती जा रही है। साथियों, यही कॉन्फिडेंस भारत को स्पोर्टिंग लीग के नेक्स्ट लेवल पर ले जा रहा है। 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स भारत होस्ट कर रहा है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] [प्रशंसा] भारत 2036 ओलंपिक्स को होस्ट करने का भी दावेदार है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] मुझे पूरा विश्वास है स्पोर्ट्स के क्षेत्र भी ऑस्ट्रेलिया और भारत की पार्टनरशिप का और विस्तार होके रहेगा। [प्रशंसा] साथियों भारत और ऑस्ट्रेलिया जो कुछ भी करते हैं वह हम दोनों देशों के लिए भी शुभ होता है। इसका एक बड़ा उदाहरण भारत ऑस्ट्रेलिया ट्रेड एग्रीमेंट है। आपने वह शेर सुना होगा। आपको तो याद भी होगा। मैं अकेला ही चला था। जानब ये मंजिल लोग साथ आते गए और कारवा बनता गया। ऐसे ही भारत और ऑस्ट्रेलिया का एग्रीमेंट एक शुरुआत थी और आज ये कारवा दुनिया के लगभग 40 देशों के साथ ट्रेड एग्रीमेंट तक पहुंच चुका है। [प्रशंसा][हौसला बढ़ाने की आवाज़] साथियों, हम केवल ट्रेडिंग नेशन नहीं है। हम इनोवेशन को साइंस एंड टेक्नोलॉजी को महत्व देते हैं। ऑस्ट्रेलिया की अनेक उपलब्धियां है। हियरिंग इंप्लांट, वाईफाई, सर्वाइकल कैंसर वैक्सीन, फ्लाइट ब्लैक बॉक्स, सीक्रेट बैलेट वोटिंग ऐसे कितने इनोवेशंस हैं जिनमें ऑस्ट्रेलिया का एक बड़ा रोल रहा है। और आज ये पूरी दुनिया को बेहतर बनाने का काम कर रहे हैं। साथियों ऐसे ही भारत भी अपने साइंस टेक और इनोवेशन इको सिस्टम को ट्रांसफॉर्म कर रहा है। आपको यह जानकर खुशी होगी आज भारत के 10,000 स्कूलों में अटल टिंकरिंग लैब चल रही है। ये स्कूल लेवल पर ही इनोवेशन का माइंडसेट तैयार कर रही है। बीते 12 वर्षों में भारत दुनिया का तीसरा बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बन गया है। लेकिन मैं नंबर बताऊंगा तो आप भी हैरान रह जाएंगे। आप डाटा सुनना चाहेंगे? तो बताऊं आज भारत में दो लाख से अधिक रजिस्टर्ड स्टार्टअप्स हैं। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] भारत में हर महीने 4000 से ज्यादा नए स्टार्टअप रजिस्टर हो रहे हैं। और डिफेंस और स्पेस जैसे सेक्टर में भी सैकड़ों स्टार्टअप काम कर रहे हैं। इनके उदाहरण मैं इसलिए दे रहा हूं क्योंकि ये सारे सेक्टर पहले भारत में बंद थे। कुछ साल पहले ही इनको प्राइवेट एंटरप्रेन्योरशिप के लिए खोला गया। और आप देखिए भारत का एक स्पेस स्टार्टअप बहुत जल्द अपने रॉकेट में पहली बार सेटेलाइट ल्च करने जा रहा है। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] साथियों मुझे खुशी है कि एजुकेशन स्किल इनोवेशन में भारत और ऑस्ट्रेलिया का रिश्ता और गहरा हो रहा है और मजबूत हो रहा है। आज ऑस्ट्रेलिया में हजारों भारतीय स्टूडेंट पढ़ रहे हैं और अब ऑस्ट्रेलियन यूनिवर्सिटी भारत में भी अपने कैंपस खोल रही है। डिकिन और बुलंगोंग यूनिवर्सिटी के कैंपस शुरू हो चुके हैं। और भी ऑस्ट्रेलियन यूनिवर्सिटीज इस तरफ आगे बढ़ रही है। और ये केवल नए कैंपस खोलने तक की बात नहीं है। यह दुनिया को स्किल इनोवेटिव टैलेंट देने का ग्लोबल लीडरशिप तैयार करने का भी अभियान है। साथियों भारत की इतनी सारी बातें मैंने आपके बग की है। अब मैं आपसे एक आग्रह भी करूंगा। करूं? करोगे? मेरी बात मानोगे? वादा। कुछ समय पहले हमने हमारी प्रवासी कम्युनिटी के बच्चों के लिए भारत को जानो क्विज की शुरुआत की है। यह क्विज दुनिया को भारत की डायवर्सिटी से परिचित कराती है। और साथ ही भारतीय कम्युनिटी के परिवारों को अपनी विरासत से जोड़ती है। मुझे यह जानकर अच्छा लगा कि इस साल ऑस्ट्रेलिया में बहुत सारे युवा साथियों ने इस कार्यक्रम के कर्टन रेजर में पार्टिसिपेट किया। अब इस कंपटीशन के सिक्स्थ एडिशन की शुरुआत होने जा रही है। इस बार गेमिफाइड मोड में बहुत से कंपटीशन होने जा रहे हैं। मैं ऑस्ट्रेलिया में भारतीय कम्युनिटी के सभी परिवारों से आग्रह करूंगा कि इसमें जरूर हिस्सा लें। लेकिन साथसाथ आप ऑस्ट्रेलिया के दोस्तों को भी आपके स्कूल में पढ़ने वाले साथियों को कॉलेज में पढ़ने वाले साथियों को उनको भी इस कंपटीशन में जरूर जोड़ें करेंगे भूल गए करेंगे साथियों आप सभी ने भारत ऑस्ट्रेलिया के रिश्तों को मजबूत बनाने में बहुत मेहनत की है। बहुत योगदान दिया है। लेकिन आपका काम यहां खत्म नहीं हुआ है। बल्कि यहां से आपकी जिम्मेदारियां और बढ़ गई है। अब भारत और ऑस्ट्रेलिया की पार्टनरशिप का एक अलग ही फेस शुरू हो रहा है। इसलिए आप ऐसे ही भारत ऑस्ट्रेलिया संबंधों को अपने जोश से भरते रहिए। चौके मारते रहिए। [हौसला बढ़ाने की आवाज़] आपकी सफलता में ही भारत और ऑस्ट्रेलिया की सफलता है। साथियों आज के इस कार्यक्रम के लिए प्राइम मिनिस्टर अल्बमनी जी और आप सभी साथियों को मेरा एक बार फिर बहुत-बहुत धन्यवाद। मेरे साथ पूरी ताकत से बोलिए। भारत माता की जय भारत माता की जय भारत माता की जय वंदे मातरम [हौसला बढ़ाने की आवाज़] वंदे मातरम् वंदे मातरम् वंदे मातरम् वंदे मातरम् वंदे मातरम् वंदे मातरम् वंदे मातरम् वंदे मातरम् वंदे मातरम